बता दे कि पीएम विमान से बठिंडा पहुंचे। यहां पंजाब सरकार की ओर से वित्त मंत्री मनप्रीत बादल उनके स्वागत के लिए पहुंचे । मिली जानकारी अनुसार फिरोजपुर में बुधवार सुबह से ही बरसात हो रही थी, जिस कारण प्रधानमंत्री हुसैनीवाला बॉर्डर से ही दिल्ली लौट गए। प्राप्त जानकारी अनुसार वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सुरक्षा में बड़ी चूक भी सामने आई है। बता दे कि गृह मंत्रालय के अनुसार, हुसैनीवाला में राष्ट्रीय शहीद स्मारक से लगभग 30 किलोमीटर दूर, जब पीएम मोदी का काफिला एक फ्लाईओवर पर पहुंचा, तो वहां पर कुछ प्रदर्शनकारियों ने सड़क को अवरुद्ध कर दिया था। इसके कारण पीएम मोदी 15-20 मिनट फ्लाईओवर पर फंसे रहे।
[metaslider id=1461]
पीएम मोदी की सुरक्षा में इसे बड़ी चूक माना जा रहा है। वहीँ गृह मंत्रालय के अनुसार, प्रधानमंत्री के कार्यक्रम और यात्रा की योजना के बारे में पंजाब सरकार को पहले ही बता दिया गया था। वहीँ प्रक्रिया के अनुसार उन्हें सुरक्षा के साथ-साथ आकस्मिक योजना तैयार रखने के लिए आवश्यक व्यवस्था करनी थी। वहीँ इसके साथ ही आकस्मिक योजना के मद्देनजर पंजाब सरकार को सड़क मार्ग से किसी भी आंदोलन को सुरक्षित करने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा तैनात करनी थी , जो स्पष्ट रूप से तैनात नहीं थे। प्राप्त जानकारी अनुसार इस सुरक्षा चूक के बाद, बठिंडा हवाई अड्डे पर वापस जाने का निर्णय लिया गया।
वहीँ गृह मंत्रालय का कहना है कि इस गंभीर सुरक्षा चूक का संज्ञान लिया जा रहा है और राज्य सरकार से विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है। वहीँ राज्य सरकार को भी इस चूक की जिम्मेदारी तय करने और सख्त कार्रवाई करने के लिए कहा गया है।
[metaslider id=9199]
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की फिरोजपुर रैली रद, तेज बरसात या सुरक्षा में हुई चूक , जानिए क्या रहे कारण
Latest News Alerts
Choose News Alerts
[metaslider id=711]
चंडीगढ़ : बड़ी जानकारी सामने आई है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की फिरोजपुर रैली रद्द हो गई है। बता दे कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को आज फिरोजपुर में पीजीआइ के सैटेलाइट सेंटर का शिलान्यास करना था और इसके बाद उन्हें रैली को संबोधित करना था, लेकिन जानकारी मिली है कि सुरक्षा कारणों से रैली रद कर दी गई है। जबकि बारिश के बीच रैली स्थल पर भाजपा नेता सुबह से ही पहुंचने शुरू हो गए थे।
बता दे कि पीएम विमान से बठिंडा पहुंचे। यहां पंजाब सरकार की ओर से वित्त मंत्री मनप्रीत बादल उनके स्वागत के लिए पहुंचे । मिली जानकारी अनुसार फिरोजपुर में बुधवार सुबह से ही बरसात हो रही थी, जिस कारण प्रधानमंत्री हुसैनीवाला बॉर्डर से ही दिल्ली लौट गए। प्राप्त जानकारी अनुसार वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सुरक्षा में बड़ी चूक भी सामने आई है। बता दे कि गृह मंत्रालय के अनुसार, हुसैनीवाला में राष्ट्रीय शहीद स्मारक से लगभग 30 किलोमीटर दूर, जब पीएम मोदी का काफिला एक फ्लाईओवर पर पहुंचा, तो वहां पर कुछ प्रदर्शनकारियों ने सड़क को अवरुद्ध कर दिया था। इसके कारण पीएम मोदी 15-20 मिनट फ्लाईओवर पर फंसे रहे।
[metaslider id=1461]
पीएम मोदी की सुरक्षा में इसे बड़ी चूक माना जा रहा है। वहीँ गृह मंत्रालय के अनुसार, प्रधानमंत्री के कार्यक्रम और यात्रा की योजना के बारे में पंजाब सरकार को पहले ही बता दिया गया था। वहीँ प्रक्रिया के अनुसार उन्हें सुरक्षा के साथ-साथ आकस्मिक योजना तैयार रखने के लिए आवश्यक व्यवस्था करनी थी। वहीँ इसके साथ ही आकस्मिक योजना के मद्देनजर पंजाब सरकार को सड़क मार्ग से किसी भी आंदोलन को सुरक्षित करने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा तैनात करनी थी , जो स्पष्ट रूप से तैनात नहीं थे। प्राप्त जानकारी अनुसार इस सुरक्षा चूक के बाद, बठिंडा हवाई अड्डे पर वापस जाने का निर्णय लिया गया।
वहीँ गृह मंत्रालय का कहना है कि इस गंभीर सुरक्षा चूक का संज्ञान लिया जा रहा है और राज्य सरकार से विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है। वहीँ राज्य सरकार को भी इस चूक की जिम्मेदारी तय करने और सख्त कार्रवाई करने के लिए कहा गया है।
[metaslider id=9199]
बता दे कि पीएम विमान से बठिंडा पहुंचे। यहां पंजाब सरकार की ओर से वित्त मंत्री मनप्रीत बादल उनके स्वागत के लिए पहुंचे । मिली जानकारी अनुसार फिरोजपुर में बुधवार सुबह से ही बरसात हो रही थी, जिस कारण प्रधानमंत्री हुसैनीवाला बॉर्डर से ही दिल्ली लौट गए। प्राप्त जानकारी अनुसार वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सुरक्षा में बड़ी चूक भी सामने आई है। बता दे कि गृह मंत्रालय के अनुसार, हुसैनीवाला में राष्ट्रीय शहीद स्मारक से लगभग 30 किलोमीटर दूर, जब पीएम मोदी का काफिला एक फ्लाईओवर पर पहुंचा, तो वहां पर कुछ प्रदर्शनकारियों ने सड़क को अवरुद्ध कर दिया था। इसके कारण पीएम मोदी 15-20 मिनट फ्लाईओवर पर फंसे रहे।
[metaslider id=1461]
पीएम मोदी की सुरक्षा में इसे बड़ी चूक माना जा रहा है। वहीँ गृह मंत्रालय के अनुसार, प्रधानमंत्री के कार्यक्रम और यात्रा की योजना के बारे में पंजाब सरकार को पहले ही बता दिया गया था। वहीँ प्रक्रिया के अनुसार उन्हें सुरक्षा के साथ-साथ आकस्मिक योजना तैयार रखने के लिए आवश्यक व्यवस्था करनी थी। वहीँ इसके साथ ही आकस्मिक योजना के मद्देनजर पंजाब सरकार को सड़क मार्ग से किसी भी आंदोलन को सुरक्षित करने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा तैनात करनी थी , जो स्पष्ट रूप से तैनात नहीं थे। प्राप्त जानकारी अनुसार इस सुरक्षा चूक के बाद, बठिंडा हवाई अड्डे पर वापस जाने का निर्णय लिया गया।
वहीँ गृह मंत्रालय का कहना है कि इस गंभीर सुरक्षा चूक का संज्ञान लिया जा रहा है और राज्य सरकार से विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है। वहीँ राज्य सरकार को भी इस चूक की जिम्मेदारी तय करने और सख्त कार्रवाई करने के लिए कहा गया है।
[metaslider id=9199]