Latest news
भारत के पूर्व प्रधानमंत्री का बेटा साइबर ठगी का शिकार, लगी करोड़ों की चपत जालंधर के इस इलाके में चली गोलियां, मची अफरा तफरी आदमपुर हवाई अड्डे का बदला नाम, केंद्र सरकार ने जारी की नोटिफिकेशन प्रदर्शन के दौरान कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके को जड़े थप्पड़ Google Play Store पर असली और फेक सरकारी ऐप्स को कैसे पहचाने ? चंडीगढ़ में पीजीआई के पास मेडिकल स्टोर पर ताबड़तोड़ गोलियां चली जरूरी खबर : अब बिना पंजीकृत मोबाइल नंबर OTP के नहीं बनेगा वाहन का प्रदूषण सर्टिफिकेट जालंधर में किशनपुरा चौक के पास कपडे के शोरूम पर फायरिंग मणिकर्ण में पार्वती नदी किनारे फोटो खिंचवाते बहे पंजाब के 3 पर्यटक, मुश्किल से किया किया रेस्क्यू जालंधर में ट्रक की टक्कर से स्कूटी सवार महिला की हुई मौत, पति गंभीर घायल

India Living News

Hot News
You are currently viewing पंजाब में पराली जलाने पर 264 किसानों की जमीन के कागजात पर रेड एंट्री, भविष्य में किसी भी सरकारी योजना के लाभ से रहेंगे वंचित
Red entry on papers of 264 farmers for burning stubble in Punjab, they will be deprived of benefits of any government scheme in future.

पंजाब में पराली जलाने पर 264 किसानों की जमीन के कागजात पर रेड एंट्री, भविष्य में किसी भी सरकारी योजना के लाभ से रहेंगे वंचित

पंजाब : खबर है कि पंजाब में पराली जलाने पर 264 किसानों के लैंड रिकॉर्ड में रेड एंट्री की गई है। इसके बाद अब यह किसान भविष्य में किसी भी सरकारी योजना का लाभ नहीं ले सकेंगे। किसान सब्सिडी से भी वंचित रहेंगे। रेड एंट्री वाले किसान अपनी जमीन को न तो गिरवी रख सकेंगे और न ही इस पर लोन ले सकेंगे। यही नहीं जमीन को आगे बेच भी नहीं सकेंगे। पंजाब प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (पीपीसीबी) के चेयरमैन आदर्श पाल विग ने माना कि पांच नवंबर तक के प्राप्त आंकड़ों के मुताबिक 264 किसानों के लैंड रिकार्ड में रेड एंट्री दर्ज की गई है। उन्होंने कहा कि सरकार के लगातार जागरूक किए जाने के बावजूद किसान लगातार पराली जला रहे हैं।

यह काफी चिंताजनक है। उन्होंने कहा हालांकि, बीते दो सालों की तुलना में इस साल पराली जलाने के मामले घटे हैं। उम्मीद है कि आने वाले समय में किसानों में पराली जलाने का चलन और कम होगा। पंजाब में एक तरफ जहां पराली जलाए जाने के मामले लगातार बढ़ रहे हैं, वहीं सरकार भी आरोपी किसानों के खिलाफ कार्रवाई करने से पीछे नहीं हट रही है। पीपीसीबी के आंकड़ों के मुताबिक पराली जलाने वाले 1694 किसानों के अब तक चालान काट कर उन पर 45.53 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है। चेयरमैन आदर्श पाल विग के मुताबिक कानून का उल्लंघन करने वाले किसी भी किसान को बख्शा नहीं जाएगा।


Leave a Reply