आजादी के बाद पहली बार किसी महिला को होगी फांसी, जानिए क्या है पूरा मामला
Latest News Alerts
Choose News Alerts
[metaslider id="711"]
मथुरा ( संदीप ): शबनम और सलीम के बेमेल इश्क की खूनी दास्तां फांसी के फंदे के एकदम करीब पहुंच गई है। 14 अप्रैल, 2008 की रात को प्रेमी सलीम के साथ मिलकर माता-पिता और मासूम भतीजे समेत परिवार के सात लोगों का कुल्हाड़ी से गला काट कर मौत की नींद सुलाने वाली शबनम के लिए फांसी देने के लिए मथुरा जिला कारागार का फांसी घर तैयार हो गया है।
[metaslider id="9199"]
फांसी पर लटकाने के लिए बक्सर से मनीला सन के फंदे वाले दो रस्सा मंगाए गए हैं। मेरठ से जल्लाद पिछले वर्ष फांसी घर का निरीक्षण करने भी आया था। हालांकि अभी फांसी की तारीख तय नहीं हुई है। यदि शबनम को फांसी होती है तो यह आजाद भारत का पहला मामला होगा।शबनम की दया याचिका को राष्ट्रपति ने भी खारिज कर दिया है। ऐसे में उसका फांसी पर लटकना तय है।
[metaslider id="1461"]
source link