चेयरपर्सन ने उसका फूड स्टाल देखा और उसे कमिशन की तरफ से प्रशंसा पत्र सौंपा। उन्होंने उसकी 15 वर्षीय बेटी के लिए बढ़िया शिक्षा को यकीनी बनाने के सम्बन्ध में कमिशन की तरफ से हर संभव मदद का भरोसा दिलाया और प्रशासन को शहर में पक्का बूथ अलाट कर उसकी मदद करने के लिए भी कहा। उन्होंने निराशाजनक समय में भी उम्मीद न हारने के लिए महिला के प्रयत्नों की प्रशंसा की। इस दौरान उन्होंने प्रताप नगर निवासी 33 वर्षीय कांता के साथ भी मुलाकात की, जोकि बस स्टैंड के नज़दीक एक छोटी सी खाने -पीने के समान की दुकान चला रही है। महिला ने चेयरपर्सन को बताया कि कोविड -19 महामारी कारण अपनी नौकरी गवाने से पहले वह बाइक -टैक्सी राइडर के तौर पर काम कर रही थी। अब कुछ स्थानीय महिलाओं की मदद से अपने परिवार का पेट भरने के लिए वह परांठा स्टाल चला रही है। मनीषा गुलाटी ने उसे प्रशंसा पत्र सौंपते हुए कमिशन की तरफ से पूरा सहयोग देने का भरोसा दिलाया। इस दौरान उन्होंने कांता के साथ उसके दोपहिया वाहन पर सवारी भी की, जिसे वह पहले बाइक -टैक्सी राईड के तौर पर इस्तेमाल करती थी। मनीषा गुलाटी ने समाज सेवी लोगों को भी अपील करते हुए कहा कि वह इन दोनों महिलाओं को आने वाली मुशकिलों से छुटकारा दिलाने के लिए मदद करने के लिए आगे आए। उन्होंने कहा कि कमिशन की तरफ से जल्दी ही ज़िला प्रशासन को इन महिलाओं को सहायता प्रदान करने के लिए पत्र लिखा जाएगा।
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पंजाब राज्य महिला कमिशन की चेयरपर्सन ने जालंधर में फूड स्टाल चलाने वाली दो महिलाओं के साथ की मुलाकात, प्रशंसा पत्र सौंपे
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जालंधर : पंजाब राज्य महिला कमिशन की चेयरपर्सन मनीषा गुलाटी ने आज शहर की दो महिला फूड हाकर्स के साथ मुलाकात की, जो अपने परिवारों का पेट पालन के लिए फूड स्टाल चला रही है। मनीषा गुलाटी ने गोपाल नगर जालंधर की 30 वर्षीय महिला नेहा के साथ मुलाकात की, जो कोविड -19 महामारी दौरान नौकरी चली जाने के बाद पिछले कई महीनों से इस फूड स्टाल को चला रही है।
चेयरपर्सन ने उसका फूड स्टाल देखा और उसे कमिशन की तरफ से प्रशंसा पत्र सौंपा। उन्होंने उसकी 15 वर्षीय बेटी के लिए बढ़िया शिक्षा को यकीनी बनाने के सम्बन्ध में कमिशन की तरफ से हर संभव मदद का भरोसा दिलाया और प्रशासन को शहर में पक्का बूथ अलाट कर उसकी मदद करने के लिए भी कहा। उन्होंने निराशाजनक समय में भी उम्मीद न हारने के लिए महिला के प्रयत्नों की प्रशंसा की। इस दौरान उन्होंने प्रताप नगर निवासी 33 वर्षीय कांता के साथ भी मुलाकात की, जोकि बस स्टैंड के नज़दीक एक छोटी सी खाने -पीने के समान की दुकान चला रही है। महिला ने चेयरपर्सन को बताया कि कोविड -19 महामारी कारण अपनी नौकरी गवाने से पहले वह बाइक -टैक्सी राइडर के तौर पर काम कर रही थी। अब कुछ स्थानीय महिलाओं की मदद से अपने परिवार का पेट भरने के लिए वह परांठा स्टाल चला रही है। मनीषा गुलाटी ने उसे प्रशंसा पत्र सौंपते हुए कमिशन की तरफ से पूरा सहयोग देने का भरोसा दिलाया। इस दौरान उन्होंने कांता के साथ उसके दोपहिया वाहन पर सवारी भी की, जिसे वह पहले बाइक -टैक्सी राईड के तौर पर इस्तेमाल करती थी। मनीषा गुलाटी ने समाज सेवी लोगों को भी अपील करते हुए कहा कि वह इन दोनों महिलाओं को आने वाली मुशकिलों से छुटकारा दिलाने के लिए मदद करने के लिए आगे आए। उन्होंने कहा कि कमिशन की तरफ से जल्दी ही ज़िला प्रशासन को इन महिलाओं को सहायता प्रदान करने के लिए पत्र लिखा जाएगा।
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चेयरपर्सन ने उसका फूड स्टाल देखा और उसे कमिशन की तरफ से प्रशंसा पत्र सौंपा। उन्होंने उसकी 15 वर्षीय बेटी के लिए बढ़िया शिक्षा को यकीनी बनाने के सम्बन्ध में कमिशन की तरफ से हर संभव मदद का भरोसा दिलाया और प्रशासन को शहर में पक्का बूथ अलाट कर उसकी मदद करने के लिए भी कहा। उन्होंने निराशाजनक समय में भी उम्मीद न हारने के लिए महिला के प्रयत्नों की प्रशंसा की। इस दौरान उन्होंने प्रताप नगर निवासी 33 वर्षीय कांता के साथ भी मुलाकात की, जोकि बस स्टैंड के नज़दीक एक छोटी सी खाने -पीने के समान की दुकान चला रही है। महिला ने चेयरपर्सन को बताया कि कोविड -19 महामारी कारण अपनी नौकरी गवाने से पहले वह बाइक -टैक्सी राइडर के तौर पर काम कर रही थी। अब कुछ स्थानीय महिलाओं की मदद से अपने परिवार का पेट भरने के लिए वह परांठा स्टाल चला रही है। मनीषा गुलाटी ने उसे प्रशंसा पत्र सौंपते हुए कमिशन की तरफ से पूरा सहयोग देने का भरोसा दिलाया। इस दौरान उन्होंने कांता के साथ उसके दोपहिया वाहन पर सवारी भी की, जिसे वह पहले बाइक -टैक्सी राईड के तौर पर इस्तेमाल करती थी। मनीषा गुलाटी ने समाज सेवी लोगों को भी अपील करते हुए कहा कि वह इन दोनों महिलाओं को आने वाली मुशकिलों से छुटकारा दिलाने के लिए मदद करने के लिए आगे आए। उन्होंने कहा कि कमिशन की तरफ से जल्दी ही ज़िला प्रशासन को इन महिलाओं को सहायता प्रदान करने के लिए पत्र लिखा जाएगा।
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