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जालंधर में लिक्वि़ड आक्सीजन की कमी से प्रशासन की बढ़ी चिंता , डीसी ने मांगी 50 मीट्रिक टन की सप्लाई

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[metaslider id="711"] जालंधर : जिले में कोरोना के लगातार बढ़ रहे मामलों के बीच लिक्वि़ड आक्सीजन की कमी ने प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। डिप्टी कमिश्नर घनश्याम थोरी ने इस संबंध में इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन के पंजाब प्रमुख को पत्र लिखकर 50 मीट्रिक टन लिक्विड आक्सीजन की मांग की है। पत्र में उन्होंने लिखा है कि कोरोना के बढ़ते मामलों में बीच जिले में लिक्विड आक्सीजन की अधिक से अधिक आवश्यकता है। ऐसे में जालंधर को जल्द से जल्द लिक्विड आक्सीजन भिजवाई जाए। [metaslider id="1461"] सूत्रों की माने तो आक्सीजन के स्टाक को लेकर जालंधर हाई रिस्क पर है। अगर एक सप्ताह में लिक्विड आक्सीजन नहीं मिली तो बड़ी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। जालंधर में फिलहाल इंडियन एयर प्लांट व शक्ति क्रियोजेनिक हवा बेस प्लांट से अस्पतालों को सप्लाई दी जा रही है। लिक्विड नहीं आने से तीसरा प्लांट बंद पड़ा है, बाकी दोनों एयरबेस प्लांट से काम चला रहे हैं। इस बारे में डीसी घनश्याम थोरी भी राज्य सरकार को लिक्विड आक्सीजन की सप्लाई सुचारू करवाने के लिए लिख चुके है लेकिन सप्लाई नहीं हो पा रही। [metaslider id="5345"]   source link