नई दिल्ली : खबर है कि ‘आप’ की पंजाब सरकार को केंद्र की भाजपा सरकार ने बड़ा झटका दिया है। केंद्र सरकार के केंद्रीय वित्त मंत्रालय ने पंजाब सरकार की उधार लेने की सीमा में 18,000 करोड़ रुपए की कमी की है। केंद्र सरकार के इस फैसले से आप सरकार को बड़ा झटका लगा है। उल्लेखनीय है कि पंजाब के सकल घरेलू उत्पाद का तीन प्रतिशत उधार लेने की सीमा तय करता है। आंकड़ों के मुताबिक, पंजाब की कर्ज सीमा सालाना 39,000 करोड़ रुपए है।
केंद्र सरकार के इस फैसले के बाद पंजाब की सालाना उधारी सीमा 18,000 करोड़ रुपए घटाकर सिर्फ 21,000 करोड़ रुपए कर दी गई है। उधर, भाजपा की केंद्र सरकार ने पूंजीगत संपत्ति के विकास के लिए पंजाब को दी जाने वाली 2600 करोड़ रुपए की सालाना ग्रांट पर भी रोक लगा दी है। पंजाब सरकार इस फंड का इस्तेमाल इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट के लिए करती है।