जशन दुग्गल ने आर्म रैसलिंग नेशनल चैम्पियनशिप में गोल्ड मैडल जीत देशभर में किया पंजाब का नाम रोशन, अपने सदगुरुदेव संत श्री आशाराम जी बापू, परिवार और कोच को दिया जीत का श्रेय
Latest News Alerts
Choose News Alerts
[metaslider id=24944]
जालंधर : जम्मू एंड कश्मीर एसोसिएशन द्वारा 3 दिवसीय 44वीं आर्म रैसलिंग नेशनल चैम्पियनशिप का आयोजन सोन मर्ग कश्मीर में करवाया गया। इस में भारत के 25 राज्यों के 425 खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया।
इस दौरान स्थानीय पब्लिक कॉलेज सामाना के विद्यार्थी जशन दुग्गल ने अंडर-90 किलो वर्ग में खेलते हुए गोल्ड मैडल हासिल कर पंजाब का नाम रोशन किया।
गोल्ड मैडल विजेता जशन दुग्गल ने बताया कि वह काफी समय से कोशल पटियाला व लखविंदर सिंह लखा से आर्म रैसलिंग की ट्रेनिंग ले रहे हैं। आज मुझे अधिक गर्व महसूस हो रहा है कि अंडर 90 किलो वर्ग तहत खेलते हुए मुझे गोल्ड मैडल हासिल हुआ है। उन्होंने कहा मैं इस बड़ी जीत का श्रेय में अपने सदगुरुदेव संत श्री आशाराम जी बापू और अपने परिवार व कोच को देना चाहूंगा ।
[metaslider id=25498]
जशन की इस जीत पर उसके पिता श्री राजेश दुग्गल जो कि जालंधर के एक सरकारी स्कूल में टीचर है व मामा डा. संदीप कुमार और दादी श्रीमती स्वर्ण कुमारी ने कहा कि हमें Jashan पर गर्व है उस ने हमारा सिर गर्व से ऊंचा कर दिया है । हम यही आशीर्वाद देते है कि Jashan भारत के लिए गोल्ड मैडल जीत कर पूरे विश्व भर में भारत का नाम रोशन करें।
इस मौके Jashan की माता इंग्लिश लैक्चरार कुमारी अंजना और बहन डॉक्टर जैसमीन दुग्गल ने खुशी व्यक्त करते हुए बताया कि Jashan दुग्गल अपनी गेम में बहुत ही मेहनत करता है जिस वजह से आज उसे इतनी बड़ी सफलता हासिल हुई है। उस की जीत पर परिवार में खुशी का माहौल है। लोगों की तरफ से फोन पर बधाईयां दी जा रही है।
वही इस मौके जशन ने बताया कि कश्मीर में करवाई गई चैम्यिनशिप बहुत ही मुश्किल थी। उन्होंने बताया कि कश्मीर के लोग बहुत ही अच्छे स्वभाव के मालिक हैं जिनके मन में सभी के लिए प्यार देखने को मिला जिस लिए यह पल मेरे लिए एक यादगार साबित हुए और वहां उन्हें अलग-अलग भाषाओं का मिश्रण देखने को मिला, क्योंकि 25 राज्यों से अलग-अलग भाषाओं के लोग कहां पहुंचे हुए थे, वहां की मेहमान नवाजी व तहजीब बेमिसाल है और बहुत ही खुबसूरत इलाका है।
[metaslider id=1461]