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Friday, 17 May 2024

Lok Sabha Election 2024 : जानिए क्या है जालंधर का मिजाज

Lok Sabha Election 2024 : जानिए क्या है जालंधर का मिजाज

जालंधर : लोकसभा चुनाव 2024 की बात करें तो पंजाब की जालंधर सीट पर बहुकोणीय टक्कर है। यहां हर प्रत्याशी को जीत का पूरा भरोसा है। यहां कांग्रेस के चरणजीत सिंह चन्नी, आप पार्टी के पवन कुमार टीनू, शिअद के मोहिंदर सिंह केपी, भाजपा के सुशील कुमार रिंकू और बसपा के बलविंदर कुमार के बीच मुकाबला है।

आप पार्टी की बात करें तो AAP के उम्मीदवार पवन कुमार टीनू रोजाना लगातार जनसभाएं कर रहे हैं। वह गांवों में जाकर बिजली बिल माफ का मुद्दा उठा रहे हैं। इसके अलावा शिक्षा व हेल्थ के मॉडल की बात करते हैं। मोहल्ला क्लीनिक और वहां पर मिलने वाली दवाइयों व सुविधाओं का पूर्ण गुणगान करते हैं। उनको भरोसा है कि भगवंत मान की सरकार की दो साल की कारगुजारी जनता के प्रति काफी समर्पित रही है और इसका पूर्ण फायदा उनको मिलेगा।

वहीँ कांग्रेस की बात करें तो कांग्रेस के उम्मीदवार चरणजीत सिंह चन्नी पंजाब के पूर्व सीएम हैं। वह रोजाना कई जनसभाएं कर रहे हैं। हर सभा में वह पंजाब में नशा व सट्टे का मुद्दा उठाते हैं। उनको जालंधर में कांग्रेस के मजबूत वोट बैंक पर पूर्ण विश्वास है। वह सभा में दलबदलुओं का मुद्दा उठाते हैं। उनके खिलाफ चुनाव लड़ रहे तीन मुख्य पार्टियों के उम्मीदवारों ने दल बदले हैं। लिहाजा, चन्नी इस को पूरा भुना रहे हैं। जालंधर के गांवों में फैल रहे नशे को भी वह जोर शोर से उठाते हैं।उनका कहना है कि जालंधर के वसनीकों ने कांग्रेस पर पूर्ण विश्वास किया है।

वहीं, भाजपा की बात करे तो यहां से सुशील कुमार रिंकू मैदान में हैं। उनको मोदी व आरएसएस का सहारा है। वह शहरों में जब भी मीटिंग या रैली करते हैं तो मोदी के नाम पर वोट मांगते हैं। राम मंदिर व धारा 370 का जिक्र करते हैं। बात करें तो ग्रामीण इलाकों में कई कस्बे हैं, जहां पर से रिंकू को पूरी आशा है। वह जब अंदरूनी गांवों का रुख करते हैं, तो वहां के स्थानीय मुद्दों को उठाते हैं।

वहीँ अकाली दल की बात करे तो मोहिंदर सिंह केपी ने कांग्रेस छोड़कर अकाली दल का दामन थामा है। वह कांग्रेस के खिलाफ भड़ास निकालते हैं। उनको उम्मीद है कि पुराने कांग्रेसी उनका साथ देंगे क्योंकि वह जालंधर से सांसद व पीपीसीसी प्रधान रह चुके हैं। वह गांवों में जाकर अकाली दल के लिए वोट मांग रहे हैं, उनका कहना है कि पंजाब के मुद्दे क्षेत्रीय पार्टी ही हल कर सकती है।

वहीं बसपा की बात करें तो उम्मीदवार बलविंदर कुमार भी जनसभाएं कर वोट मांग रहे हैं। बलविंदर कुमार युवा वर्ग को काफी प्रभावित कर रहे हैं। वे पेशे से वकील हैं। उनका कहना है कि चुनाव के दौरान जालंधर के असल मुद्दे गायब है। उनका कहना है केंद्र व पंजाब की सत्ता में काबिज़ सरकारें लोगों से जुड़े असल मुद्दों पर बात नहीं कर रही।

कुल मिलाकर बात करें तो सभी उम्मीदवारों को जीत की आशा है। बाकी जनता किसे चुनकर विजेता बनाती है यह तो चुनाव के बाद ही पता चलेगा।